कुशीनगर। श्रावण शुक्ल पंचमी को नाग पंचमी के रूप में मनाया जाता है। इस वर्ष 17 अगस्त, सोमवार को नाग पंचमी का पर्व मनाया जाएगा। पंचमी तिथि शाम 6:49 बजे तक रहेगी। वहीं हस्त नक्षत्र सुबह 6:46 बजे तक रहेगा, इसके बाद चित्रा नक्षत्र और शुभ योग का संयोग बनेगा। ज्योतिषीय दृष्टि से इस दिन भगवान शिव के साथ नाग देवता की पूजा का विशेष महत्व माना गया है।ज्योतिषाचार्य पं. साकेत मिश्रा के अनुसार नाग पंचमी पर नाग देवता के प्रति श्रद्धा और सम्मान के साथ विधि-विधान से पूजन करना चाहिए। धार्मिक परंपरा के अनुसार नाग देवता को दूध, धान का लावा, सफेद पुष्प, धूप आदि अर्पित किए जाते हैं। पूजन के बाद नाग देवता की प्रसन्नता के लिए मंत्र जाप करने की भी मान्यता है। उन्होंने बताया कि नाग पंचमी पर “ॐ नवकुल नागाय विद्महे विषदन्ताय धी…









