फरेंदा (महराजगंज): राष्ट्रीय राजमार्ग नौतनवा–सोनौली–गोरखपुर मार्ग पर स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) बनकटी तक जाने वाला रास्ता बंद किए जाने के विरोध में बुधवार को ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने मौके पर पहुंचकर विरोध प्रदर्शन किया और एनएचएआई व कार्यदायी संस्था पीएनसी के खिलाफ नारेबाजी करते हुए अस्पताल का मार्ग तत्काल खोलने की मांग की।
ग्रामीणों का आरोप है कि सड़क निर्माण कार्य के दौरान अस्पताल तक पहुंचने वाला मुख्य मार्ग बंद कर दिया गया है, जिससे मरीजों, गर्भवती महिलाओं, बुजुर्गों और अन्य जरूरतमंद लोगों को अस्पताल पहुंचने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। उनका कहना है कि आपातकालीन स्थिति में यह समस्या किसी बड़े हादसे का कारण बन सकती है।
मरीजों की सुरक्षा पर जताई चिंता
प्रदर्शन कर रहे लोगों ने कहा कि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र क्षेत्र की बड़ी आबादी के लिए प्रमुख चिकित्सा केंद्र है। ऐसे में अस्पताल का रास्ता बंद होने से एंबुलेंस और निजी वाहनों की आवाजाही प्रभावित हो रही है। ग्रामीणों ने मांग की कि मरीजों की सुविधा को देखते हुए वैकल्पिक मार्ग की व्यवस्था या पुराने रास्ते को तत्काल बहाल किया जाए।
जनप्रतिनिधि भी प्रदर्शन में शामिल
प्रदर्शन में समाजसेवी करमचंद यादव, पूर्व प्रधान शमशेर उर्फ लंबू, पूर्व जिला पंचायत सदस्य पवन कुमार यादव उर्फ तोलन, प्रधान प्रतिनिधि राकेश यादव, प्रधान प्रतिनिधि महेंद्र भारती, क्षेत्र पंचायत सदस्य अशोक यादव समेत बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल रहे। सभी ने प्रशासन से जनहित में शीघ्र कार्रवाई करने की मांग की।
आंदोलन की दी चेतावनी
ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही अस्पताल तक जाने का मार्ग नहीं खोला गया तो वे बड़े स्तर पर आंदोलन शुरू करेंगे। उनका कहना है कि जनस्वास्थ्य से जुड़े इस मुद्दे पर किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
फिलहाल इस मामले को लेकर क्षेत्र में लोगों के बीच नाराजगी बनी हुई है। अब सभी की नजर प्रशासन और संबंधित एजेंसियों की आगामी कार्रवाई पर टिकी है।









