उत्तर प्रदेश सरकार के दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग की एक अहम योजना के तहत महराजगंज जनपद में स्कूल जाने वाले और प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे दिव्यांग छात्र-छात्राओं को निशुल्क ई-ट्राइसाइकिल दी जाएंगी। इसके लिए जिलाधिकारी कार्यालय की ओर से 10 अगस्त से जनपद के 6 विकास खंडों में विशेष वितरण शिविर आयोजित किए जाएंगे। जिलाधिकारी कार्यालय द्वारा जारी पत्र के मुताबिक प्रदेश सरकार के आदेश पर वर्ष 2026-27 में हर विधानसभा क्षेत्र में 20 ई-ट्राइसाइकिल बांटी जाएंगी।
कब और कहां लगेंगे शिविर
जिला दिव्यांगजन सशक्तिकरण अधिकारी अभय पांडे के मुताबिक सभी शिविर सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक चलेंगे। परतावल विकास खंड में 10 अगस्त, सिसवा में 11 अगस्त, फरेन्दा और घुघली के लिए फरेन्दा में 12 अगस्त, लक्ष्मीपुर में 13 अगस्त, मिठौली में 14 अगस्त और सदर विकास खंड में 17 अगस्त को शिविर आयोजित होंगे। हर शिविर संबंधित विकास खंड परिसर में लगाया जाएगा। विभाग ने स्पष्ट किया है कि अगर किसी दिव्यांग का विकास खंड शिविर में छूट जाता है, तो वह किसी अन्य विकास खंड के शिविर में जाकर भी आवेदन कर सकता है।
कौन कर सकता है आवेदन
योजना का लाभ उन्हीं दिव्यांगजनों को मिलेगा जो मस्तिष्क पक्षाघात, हाइड्रोसिफेली, स्पाइनल पॉलियो या हेपेटोमेगालिया जैसी स्थितियों से जूझ रहे हों और खुद ई-ट्राइसाइकिल चलाने में सक्षम हों, यानी उनके ऊपरी अंग सामान्य स्थिति में हों। आवेदक की उम्र 16 वर्ष से अधिक होनी चाहिए और परिवार की वार्षिक आय 1,80,000 रुपये से ज्यादा नहीं होनी चाहिए। स्कूल जाने वाले या प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे दिव्यांग छात्र-छात्राओं को इस योजना में प्राथमिकता दी जाएगी।
शिविर में साथ लाने होंगे ये जरूरी दस्तावेज
आवेदन के लिए मुख्य चिकित्साधिकारी द्वारा जारी दिव्यांगता प्रमाण पत्र, तहसील का आय प्रमाण पत्र, निवास प्रमाण पत्र, स्कूल या प्रशिक्षण संस्था का प्रमाण पत्र (यदि छात्र पढ़ाई या प्रशिक्षण में हो), जाति प्रमाण पत्र, आधार कार्ड और एक पासपोर्ट साइज फोटो साथ लाना अनिवार्य होगा।
कैसे होगा लाभार्थियों का चयन
शिविर स्थल पर ही पात्र दिव्यांगजनों से आवेदन पत्र भरवाए जाएंगे, जिनकी जांच जिला स्तरीय समिति करेगी। जांच में पात्र पाए जाने वाले दिव्यांगजनों को ई-ट्राइसाइकिल प्रदान की जाएगी। हर शिविर का आयोजन संबंधित विकास खंड अधिकारी अपने अधीनस्थ कर्मचारियों की मदद से करेंगे।
जिला दिव्यांगजन सशक्तिकरण अधिकारी के मुताबिक इस योजना का मकसद दिव्यांग छात्रों को स्कूल और प्रशिक्षण केंद्र तक आने-जाने में आसानी देना है। विभाग ने पात्र दिव्यांगजनों से समय पर शिविर स्थल पहुंचकर योजना का लाभ उठाने की अपील की है।









