तमकुहीराज बार ने न्यायालय का बहिष्कार किया

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भ्रष्टाचार के आरोपों पर बार संघ ने अनिश्चितकालीन न्यायालय बहिष्कार का निर्णय लिया

तमकुहीराज तहसील बार संघ के अधिवक्ताओं ने नायब तहसीलदार के न्यायालय का अनिश्चितकालीन बहिष्कार करने का निर्णय लिया है। यह फैसला बार संघ की आम सभा में अध्यक्ष अशोक राय की अध्यक्षता में आयोजित बैठक के दौरान सर्वसम्मति से लिया गया। बार संघ के इस निर्णय से तहसील परिसर में पूरे दिन चर्चा का माहौल बना रहा।

बार संघ के मंत्री अमरनाथ सिंह ने नायब तहसीलदार राजेश कुमार पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए। उनका कहना है कि बहस पूरी होने के बाद भी कई मामलों की पत्रावलियां अनावश्यक रूप से अपने पास रखी जाती हैं, जिससे बिना किसी आपत्ति वाले मामलों के निस्तारण में भी बेवजह देरी होती है। अधिवक्ताओं ने आरोप लगाया कि इस कार्यप्रणाली से वादकारियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है और न्यायिक प्रक्रिया प्रभावित हो रही है।

आम सभा में अधिवक्ताओं ने इस मुद्दे पर विस्तार से चर्चा की और सर्वसम्मति से निर्णय लिया कि जब तक उनकी मांगों पर उचित कार्रवाई नहीं होती तथा कार्यप्रणाली में सुधार नहीं किया जाता, तब तक नायब तहसीलदार के न्यायालय का अनिश्चितकालीन बहिष्कार जारी रहेगा। बार संघ ने प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने की मांग भी की है।

वहीं, नायब तहसीलदार राजेश कुमार ने अपने ऊपर लगाए गए सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए उन्हें पूरी तरह निराधार और बेबुनियाद बताया है। उनका कहना है कि न्यायालय में सभी मामलों का निस्तारण नियमानुसार और निष्पक्ष तरीके से किया जाता है तथा लगाए गए आरोपों में कोई सच्चाई नहीं है।

इस दौरान अधिवक्ता अरविंद पाठक, एचएन सिंह, शम्भू ठकुराई, अशोक पाण्डेय, दीपक पांडेय, रामप्रवेश सिंह, आरएन पांडेय, मनोज कुमार, अभिलाष श्रीवास्तव, मनीर आलम आदि सहित कई वरिष्ठ अधिवक्ता उपस्थित रहे।

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