सिसवा बाजार (महराजगंज)। विकास खंड सभागार में गुरुवार को ‘प्रोजेक्ट पहचान’ के तहत अभिमुखीकरण प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में स्वास्थ्य, शिक्षा, पंचायत और बाल विकास विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने भाग लिया। प्रशिक्षण का उद्देश्य एक से छह वर्ष तक के बच्चों में जन्मजात एवं अन्य गंभीर बीमारियों की समय रहते पहचान, उचित उपचार के लिए रेफरल तथा कुपोषण की रोकथाम के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा।
जिलाधिकारी के निर्देश पर आयोजित इस प्रशिक्षण में प्रोजेक्ट के नोडल अधिकारी एवं खंड विकास अधिकारी अर्जुन चौधरी ने बताया कि ‘प्रोजेक्ट पहचान’ का उद्देश्य बच्चों में गंभीर बीमारियों का प्रारंभिक स्तर पर पता लगाकर समय पर उपचार उपलब्ध कराना और स्वस्थ बचपन सुनिश्चित करना है।
सीएचसी सिसवा के अधीक्षक एवं सह-नोडल अधिकारी के मार्गदर्शन में विशेषज्ञ चिकित्सक डॉ. आशुतोष और डॉ. अतुल ने प्रतिभागियों को बच्चों में विभिन्न बीमारियों के लक्षणों की पहचान, समय पर जांच और उपचार की प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी। साथ ही कुपोषण से बचाव और बच्चों के समग्र स्वास्थ्य पर विशेष जोर दिया गया।
प्रशिक्षण कार्यक्रम में एडीओ पंचायत बलराम मौर्य, सचिव विनय शर्मा, जयहिंद गौतम, राहुल प्रताप सिंह, एडीओ आईएसबी सुजीत गोंड, एपीओ सौरभ चौधरी, डॉ. आशुतोष पटेल, प्रदीप चौरसिया, प्रिया उपाध्याय, प्राची जायसवाल, प्रियंका पांडेय, जैनुल, मधुसूदन, अंजू, प्रभाकर पांडेय, मीनाक्षी और आएशा बेगम सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
इसके अलावा ग्राम पंचायत सचिव, सहायक विकास अधिकारी, अवर अभियंता, सीएचओ, एएनएम, आईसीडीएस सुपरवाइजर, बीसीपीएम तथा बेसिक शिक्षा विभाग के प्रतिनिधियों ने भी प्रशिक्षण में भाग लिया। अधिकारियों ने कहा कि इस तरह के प्रशिक्षण कार्यक्रम बच्चों के बेहतर स्वास्थ्य और कुपोषण मुक्त समाज के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।









