संसद में सांसद पप्पू यादव द्वारा साधु-संतों को लेकर की गई कथित टिप्पणी के विरोध में शनिवार को सिसवा नगर में भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी करते हुए पप्पू यादव का पुतला दहन किया और कथित बयान की निंदा की।
संसद की गरिमा बनाए रखने की अपील
प्रदर्शन के दौरान भाजपा नेताओं ने कहा कि संसद देश का सर्वोच्च लोकतांत्रिक सदन है, जहां किसी भी धर्म, संत समाज या करोड़ों लोगों की आस्था से जुड़े विषयों पर संयमित और मर्यादित भाषा का प्रयोग किया जाना चाहिए।
धर्मनाथ खरवार ने जताई आपत्ति
भाजपा नेता धर्मनाथ खरवार ने कहा कि साधु-संत भारतीय संस्कृति और सनातन परंपरा के आधार स्तंभ हैं। उनके प्रति कथित अपमानजनक टिप्पणी बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों को संसद की गरिमा और देश की जनभावनाओं का सम्मान करना चाहिए।
राकेश कनौजिया ने की मर्यादित भाषा की मांग
भाजपा नेता राकेश कनौजिया ने भी कथित टिप्पणी की आलोचना करते हुए कहा कि संसद में किसी भी धर्म या आस्था से जुड़े विषयों पर सम्मानजनक भाषा का प्रयोग होना चाहिए। उन्होंने सभी जनप्रतिनिधियों से मर्यादा बनाए रखने की अपील की।
कई कार्यकर्ता रहे मौजूद
प्रदर्शन में मनीष रौनियार, नवमी यादव, राधेश्याम, डॉ. महेश सिंह, मुन्ना सिंह, आलोक यादव, मदन मोहन, राणा प्रताप सहित बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।
नोट: यह विरोध प्रदर्शन सांसद पप्पू यादव की कथित टिप्पणी के विरोध में आयोजित किया गया। संबंधित टिप्पणी को लेकर विभिन्न पक्षों की अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आई हैं।









