उत्कर्षदीप की गिरफ्तारी के विरोध में लेखपालों का प्रदर्शन, काली पट्टी बांधकर जताया विरोध

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कुशीनगर। शनिवार को खड्डा तहसील परिसर में लेखपालों ने काली पट्टी बांधकर विरोध जताया और धरना-प्रदर्शन करते हुए कार्रवाई पर नाराजगी जाहिर की। अयोध्या जनपद की सोहावल तहसील में तैनात लेखपाल उत्कर्षदीप के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण संगठन (एसीओ) की ओर से की गई ट्रैप कार्रवाई के विरोध में उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ का आंदोलन तेज हो गया है।

लेखपाल संघ के पदाधिकारियों ने इस दौरान मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन उपजिलाधिकारी के माध्यम से सौंपा। ज्ञापन में सोहावल प्रकरण की निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की गई। संघ का कहना है कि पूरे मामले की जांच उपलब्ध सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर निष्पक्ष तरीके से कराई जानी चाहिए।

लेखपाल संघ के मुताबिक, जमीन की पैमाइश से जुड़े एक मामले में अयोध्या की सोहावल तहसील में तैनात लेखपाल उत्कर्षदीप को एंटी करप्शन टीम ने 10 हजार रुपये की रिश्वत लेने के आरोप में पकड़ा था। हालांकि, संघ का आरोप है कि लेखपाल को साजिश के तहत फंसाया गया है। संघ का दावा है कि फाइल में रुपये रखकर उन्हें भ्रष्टाचार के मामले में फंसाया गया।

लेखपालों ने कहा कि उनका संगठन भ्रष्टाचार का समर्थन नहीं करता। यदि कोई कर्मचारी रिश्वत मांगता या लेते हुए पाया जाता है तो उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई होनी चाहिए। लेकिन किसी निर्दोष कर्मचारी को झूठी शिकायत या कथित फर्जी ट्रैप के माध्यम से फंसाया जाना स्वीकार नहीं किया जाएगा।

धरने के दौरान लेखपालों ने काली पट्टी बांधकर अपना विरोध दर्ज कराया। संघ ने मांग की कि सोहावल प्रकरण की स्वतंत्र जांच कराई जाए और जांच में जो भी दोषी मिले, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाए। साथ ही लेखपाल उत्कर्षदीप को न्याय दिलाने की मांग की गई।

ज्ञापन में यह भी मांग की गई कि भविष्य में किसी सरकारी कर्मचारी के खिलाफ ट्रैप कार्रवाई करने से पहले शिकायत की सत्यता, शिकायतकर्ता की पृष्ठभूमि और मामले से जुड़े तथ्यों की पर्याप्त जांच सुनिश्चित की जाए। संघ ने एसीओ और विजिलेंस की ट्रैप कार्रवाई के लिए स्पष्ट स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (एसओपी) जारी करने की मांग भी की, ताकि ऐसी कार्रवाई पूरी तरह पारदर्शी और निष्पक्ष तरीके से हो सके।

धरना-प्रदर्शन में लेखपाल संघ के तहसील अध्यक्ष विभव शर्मा, मंत्री अभिमन्यु मिश्रा, पूर्व जिला उपाध्यक्ष मार्कण्डेय गुप्ता, मधुकर श्रीवास्तव, अमरीश कुमार, मोहित कुमार, मुमताज अहमद, सूरज चौरसिया, बृज किशोर, हरेन्द्र गुप्ता, रामानंद यादव, नागेन्द्र कुमार समेत अन्य लेखपाल मौजूद रहे।

लेखपाल संघ ने स्पष्ट किया कि सोहावल प्रकरण की निष्पक्ष जांच होने तक उनका विरोध जारी रहेगा। संघ का कहना है कि उनका उद्देश्य भ्रष्टाचार को बढ़ावा देना नहीं, बल्कि किसी निर्दोष कर्मचारी के साथ अन्याय न होने देना है।

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