महाराजगंज, नेपाल के रसुवा जिले के सीमावर्ती टिमुरे क्षेत्र में अचानक अत्यधिक जलप्रवाह आने से भोटेकोशी नदी में आकस्मिक बाढ़ की स्थिति उत्पन्न होने की सूचना के बाद महाराजगंज जिला प्रशासन ने सतर्कता बढ़ा दी है। जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल ने संबंधित अधिकारियों को नदी तटीय और निचले इलाकों में विशेष निगरानी रखने के निर्देश दिए हैं।
प्रशासन के अनुसार, बुधवार सुबह करीब 9 बजे नेपाल के टिमुरे क्षेत्र में अचानक अत्यधिक मात्रा में जलप्रवाह आने से भोटेकोशी नदी का जलस्तर बढ़ गया। टिमुरे बाजार और आसपास के नदी तटीय क्षेत्रों में नुकसान की प्रारंभिक सूचना भी सामने आई है।
भोटेकोशी-त्रिशूली नदी तंत्र के माध्यम से इस जलप्रवाह का प्रभाव आगे निचले क्षेत्रों में पड़ने की संभावना को देखते हुए महाराजगंज में गंडक नदी के जलस्तर की लगातार निगरानी की जा रही है। प्रशासन ने स्थिति पर 24×7 नजर रखने की व्यवस्था की है।
जिलाधिकारी के निर्देश पर संबंधित तहसीलों, राजस्व विभाग, पुलिस, एसडीआरएफ और अन्य विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। नदी किनारे और निचले क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरतने के साथ ही आवश्यकता पड़ने पर प्रभावित लोगों को तत्काल सुरक्षित एवं ऊंचे स्थानों पर पहुंचाने की तैयारियां सुनिश्चित करने को कहा गया है।
नदी और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहने की अपील
जिला प्रशासन ने नदी तटीय और निचले इलाकों में रहने वाले लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। लोगों को अनावश्यक रूप से नदी, नालों और जलभराव वाले क्षेत्रों के पास नहीं जाने की सलाह दी गई है। जलस्तर बढ़ने या प्रशासन की ओर से चेतावनी जारी होने पर तत्काल सुरक्षित और ऊंचे स्थानों पर जाने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रशासन ने बच्चों, बुजुर्गों और पशुओं को नदी तथा जलभराव वाले क्षेत्रों के आसपास न जाने देने की अपील की है। साथ ही लोगों से अफवाहों और अपुष्ट सूचनाओं पर विश्वास न करने तथा केवल जिला प्रशासन की ओर से जारी आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करने को कहा गया है।
आपात स्थिति में इन नंबरों पर करें संपर्क
जिला प्रशासन के मुताबिक किसी भी आपात स्थिति में नागरिक जिला आपातकालीन संचालन केंद्र (DEOC), महाराजगंज से संपर्क कर सकते हैं।
आपदा हेल्पलाइन: 1077
DEOC/आपातकालीन संपर्क: 05523-222162
मोबाइल: 9628819145, 9621333537
प्रशासन का कहना है कि फिलहाल स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और किसी भी संभावित परिस्थिति से निपटने के लिए संबंधित विभागों को अलर्ट मोड पर रखा गया है।









