बीजेपी के जाने-माने चेहरे और राष्ट्रीय प्रवक्ता शहजाद पूनावाला एक बार फिर चर्चा में हैं, लेकिन इस बार वजह कोई बयान नहीं बल्कि उनका बदला हुआ सोशल मीडिया बायो है। शहजाद ने अपने X (पूर्व ट्विटर) अकाउंट से ‘नेशनल स्पोक्सपर्सन, BJP’ टाइटल हटा दिया है, जिसके बाद सियासी गलियारों और सोशल मीडिया पर यह चर्चा तेज हो गई कि क्या वे सक्रिय राजनीति को अलविदा कहने वाले हैं।
क्या है पूरा मामला
गुरुवार को शहजाद पूनावाला ने अपने अपडेटेड X बायो का स्क्रीनशॉट खुद शेयर किया। नए बायो में उन्होंने अपना धर्म, विचारधारा और पीएम मोदी के प्रति अपनी निष्ठा तो लिखी, लेकिन पार्टी में उनके पद का कोई ज़िक्र नहीं था। पोस्ट के कैप्शन में उन्होंने बस इतना लिखा — “मेरा अपडेटेड बायो।” बस इसी छोटे से बदलाव ने पूरे सियासी हलके में हलचल मचा दी।

दिलचस्प बात यह रही कि बायो बदलने के कुछ ही देर बाद शहजाद ने अपने दो पुराने इंटरव्यू क्लिप भी दोबारा शेयर किए, जिनमें वे सक्रिय राजनीति छोड़ने की इच्छा जताते नज़र आ रहे हैं। हालांकि, इंस्टाग्राम पर उनकी प्रोफाइल में अब भी ‘बीजेपी राष्ट्रीय प्रवक्ता’ लिखा हुआ है, यानी हर प्लेटफॉर्म पर बदलाव नहीं दिखा।
“राजनीति से बड़ी है समाज सेवा”
एक पुराने वीडियो क्लिप में शहजाद पूनावाला कहते नज़र आते हैं कि उनके लिए समाज सेवा राजनीति से कहीं बड़ी चीज़ है। उन्होंने यह भी बताया कि 2025 के लोकसभा चुनाव के बाद वे सक्रिय राजनीति छोड़ने का मन बना चुके थे, लेकिन पीएम मोदी की तीसरी बार सरकार बनने के बाद के भावुक पल और उसके बाद पश्चिम बंगाल, दिल्ली, महाराष्ट्र व हरियाणा जैसे अहम चुनावों को देखते हुए उन्होंने पार्टी के लिए काम जारी रखने का फैसला किया था।
कौन हैं शहजाद पूनावाला
38 साल के शहजाद पूनावाला बीजेपी के लिए टीवी डिबेट और राजनीतिक मंचों पर एक जाना-पहचाना चेहरा रहे हैं। उन्होंने अपने राजनीतिक सफर की शुरुआत कांग्रेस से की थी, लेकिन 2017 में राहुल गांधी के नेतृत्व और पार्टी में वंशवाद के मुद्दे पर विरोध जताते हुए बीजेपी का दामन थाम लिया था। साल 2021 में उन्हें दिल्ली बीजेपी के सोशल मीडिया प्रकोष्ठ की जिम्मेदारी भी सौंपी गई थी।
अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं
हालांकि सोशल मीडिया पर शहजाद के बीजेपी से इस्तीफे को लेकर लगातार अटकलें लगाई जा रही हैं, लेकिन खुद शहजाद पूनावाला की तरफ से अभी तक इस बारे में कोई साफ बयान या आधिकारिक पुष्टि नहीं आई है। ऐसे में यह कहना जल्दबाज़ी होगी कि वे वाकई राजनीति छोड़ रहे हैं या यह महज़ एक सोशल मीडिया अपडेट भर था।









