दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के सह-संयोजक सौरभ दास और आशुतोष रांका को सात दिनों तक जेल में रहने के बाद राहत मिल गई है| बुधवार को दिल्ली की स्पेशल एग्जीक्यूटिव मजिस्ट्रेट (SEM) अदालत ने दोनों नेताओं की हिरासत आगे बढ़ाने से इनकार करते हुए उनकी रिहाई का आदेश दिया| कोर्ट के फैसले के बाद दोनों नेता तिहाड़ जेल से बाहर आ गए| रिहाई के बाद सौरभ दास ने इसे सच्चाई की जीत बताया|
पुलिस ने मांगी थी हिरासत बढ़ाने की अनुमति
दोनों नेताओं की न्यायिक हिरासत की अवधि समाप्त होने पर दिल्ली पुलिस ने अदालत में उनकी हिरासत तीन दिन और बढ़ाने की मांग रखी थी| पुलिस चाहती थी कि दोनों को कुछ और समय तक न्यायिक हिरासत में रखा जाए| हालांकि, अदालत ने पुलिस की इस मांग को मंजूरी नहीं दी| इसके बाद दोनों नेताओं की रिहाई का रास्ता साफ हो गया|
14 अक्टूबर को भेजे गए थे जेल
मामले में सौरभ दास और आशुतोष रांका को 14 अक्टूबर को पांच दिनों की न्यायिक हिरासत में भेजा गया था| इसके तहत दोनों को तिहाड़ जेल में रखा गया. शुरुआती हिरासत की अवधि पूरी होने के बाद भी उन्हें तुरंत रिहाई नहीं मिल सकी| 19 अक्टूबर को अदालत ने उनकी न्यायिक हिरासत दो दिन के लिए और बढ़ा दी थी| इस फैसले के कारण दोनों नेताओं को जेल में अतिरिक्त समय बिताना पड़ा|
अदालत के फैसले के बाद जेल से बाहर आए नेता
बुधवार को हिरासत की बढ़ाई गई अवधि समाप्त होने पर दिल्ली पुलिस ने एक बार फिर अदालत का रुख किया और तीन दिन की अतिरिक्त हिरासत की मांग की| लेकिन इस बार भी पुलिस को राहत नहीं मिली| अदालत ने मांग स्वीकार नहीं की और दोनों नेताओं को रिहा करने का आदेश दे दिया| इसके बाद सौरभ दास और आशुतोष रांका सात दिन बाद तिहाड़ जेल से बाहर आ गए| रिहाई के बाद सौरभ दास की प्रतिक्रिया भी सामने आई, जिसमें उन्होंने कहा कि सच्चाई की जीत हुई है|









