कानपुर। प्रदेश सरकार उच्च शिक्षा को तकनीक और रोजगार से जोड़ने के साथ-साथ सरकारी एवं एडेड कॉलेजों में खाली सीटों को भरने की दिशा में भी प्रयास कर रही है। क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी, कानपुर मंडल डॉ. राजेश प्रकाश ने उच्च शिक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों और आगामी योजनाओं की जानकारी दी।
डॉ. राजेश प्रकाश ने बताया कि डिग्री कॉलेजों में विद्यार्थियों को तकनीकी सुविधाओं से जोड़ने के लिए करीब आठ से नौ हजार टैबलेट उपलब्ध कराए गए हैं। इसके अलावा सात हजार से अधिक पुस्तकालयों का ऑटोमेशन किया जा चुका है। कॉलेजों में स्मार्ट क्लास और आधुनिक लैब विकसित करने के साथ विद्यार्थियों को रोजगारपरक शिक्षा उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया जा रहा है।

उन्होंने बताया कि बदलते समय की जरूरतों को देखते हुए कॉलेजों में नए पाठ्यक्रम शुरू किए जा रहे हैं। इनमें कंप्यूटर प्रोग्रामिंग और टूरिज्म जैसे रोजगार की संभावनाओं वाले पाठ्यक्रम शामिल हैं। सरकार का उद्देश्य विद्यार्थियों को पारंपरिक शिक्षा के साथ तकनीकी ज्ञान और कौशल प्रदान करना है, ताकि पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्हें रोजगार के बेहतर अवसर मिल सकें।
क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी ने कहा कि कुछ राजकीय और एडेड कॉलेजों में सीटें खाली रह गई हैं। सरकार इस समस्या को गंभीरता से ले रही है। आने वाले समय में कॉलेजों में सीटें खाली न रहें, इसके लिए विद्यार्थियों के बीच जागरूकता बढ़ाने के साथ अन्य ठोस कदम उठाए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को रोजगार से जोड़ने के लिए रोजगार मेलों के आयोजन पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा। इन मेलों के माध्यम से युवाओं को विभिन्न कंपनियों और रोजगार के अवसरों से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा।
रिपोर्ट- विपिन सागर









