कुशीनगर जिले के हाटा तहसील क्षेत्र में लगातार तीन दिनों से हो रही बारिश ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। खेतों में इतना पानी भर गया है कि तैयार धान की फसल नीचे और पानी ऊपर नजर आ रहा है। फसल पककर कटाई के लिए तैयार थी, लेकिन बारिश ने किसानों की मेहनत पर संकट खड़ा कर दिया है।
धान की फसल को सड़ने और अंकुरित होने से बचाने के लिए किसान अब खेतों में पंपसेट लगाकर पानी निकालने में जुटे हैं। किसान गोवर्धन ने बताया कि उनके खेत में धान की फसल पूरी तरह तैयार थी और जल्द ही कटाई होनी थी। इसी बीच अचानक हुई बारिश से पूरा खेत जलमग्न हो गया।
किसान के मुताबिक, सुबह करीब चार बजे से पंपसेट लगाकर खेत का पानी निकालने का प्रयास किया जा रहा है। उनका कहना है कि अगर समय रहते पानी नहीं निकला तो तैयार धान अंकुरित होकर सड़ सकता है और पूरी फसल बर्बाद हो जाएगी। वहीं, दोबारा बारिश होने की स्थिति में खेत में फिर पानी भरने का खतरा बना हुआ है।
किसानों का कहना है कि इस बारिश से सिर्फ धान ही नहीं, बल्कि गन्ने और केले की खेती को भी नुकसान पहुंचा है। फसल बचाने के लिए किसान तरह-तरह के प्रयास कर रहे हैं, लेकिन लगातार बारिश उनके सामने बड़ी चुनौती बनी हुई है। किसानों को अब मौसम साफ होने और खेतों से जल्द पानी निकलने की उम्मीद है।









