सिद्धार्थनगर। जिले में पिछले 72 घंटों से लगातार हो रही भारी बारिश और नेपाल के पहाड़ी क्षेत्रों से आ रहे पानी के कारण बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। पहाड़ी नालों और बारिश के पानी से जिले की प्रमुख नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। इसका सबसे अधिक असर शोहरतगढ़ तहसील क्षेत्र में देखने को मिल रहा है, जहां दर्जनों गांव बाढ़ की चपेट में आ गए हैं। कई गांव चारों तरफ से पानी से घिर गए हैं, जिससे जिला मुख्यालय और अन्य क्षेत्रों से उनका संपर्क प्रभावित हुआ है।

बाढ़ का पानी गांवों में पहुंचने से ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। कई स्थानों पर आवागमन के रास्ते जलमग्न हो गए हैं। स्थिति को देखते हुए जिला प्रशासन अलर्ट मोड पर है। जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जीएन ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का जायजा लेकर राहत और बचाव कार्यों की समीक्षा की।
जिलाधिकारी ने बाणगंगा बैराज का निरीक्षण कर जलस्तर की स्थिति की जानकारी ली। इसके बाद उन्होंने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में पहुंचकर जमीनी हालात का आकलन किया। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि राहत और बचाव कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही न हो।
जिलाधिकारी ने प्रभावित गांवों में पर्याप्त संख्या में नावों की व्यवस्था, आवश्यक दवाइयों की उपलब्धता और प्रभावित लोगों तक समय से लंच पैकेट एवं राहत सामग्री पहुंचाने के निर्देश दिए। प्रशासन द्वारा संभावित बाढ़ की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।
रिपोर्टर: प्रदीप शर्मा, सिद्धार्थनगर









