महराजगंज। साइबर अपराधों पर प्रभावी अंकुश लगाने, फर्जी दस्तावेजों के निर्माण पर रोक लगाने और आमजन को डिजिटल धोखाधड़ी से सुरक्षित रखने के उद्देश्य से महराजगंज पुलिस ने जनपद में व्यापक चेकिंग अभियान चलाया। पुलिस अधीक्षक शक्ति मोहन अवस्थी के निर्देशन में गुरुवार को जनपद के सभी थाना क्षेत्रों में स्थित ग्राहक सेवा केंद्र (CSC) एवं ऑनलाइन जन सेवा केंद्रों की सघन जांच की गई। अभियान के दौरान पुलिस टीमों ने कुल 366 जन सुविधा एवं ग्राहक सेवा केंद्रों को चेक किया।
चेकिंग के दौरान पुलिस टीमों ने सीएससी संचालकों के वैध लाइसेंस, पंजीकरण प्रमाण-पत्र और केंद्र संचालन से संबंधित अन्य आवश्यक दस्तावेजों का बारीकी से सत्यापन किया। पुलिस ने केंद्रों पर उपलब्ध व्यवस्थाओं और संचालकों की गतिविधियों की भी जांच की। विशेष रूप से यह देखा गया कि कहीं किसी केंद्र पर एआई (AI) टूल या अन्य सॉफ्टवेयर का दुरुपयोग कर फर्जी फोटो, कूटरचित पहचान पत्र अथवा अन्य फर्जी दस्तावेज तो तैयार नहीं किए जा रहे हैं।
इसके साथ ही सुरक्षा व्यवस्था के दृष्टिगत केंद्रों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की स्थिति भी जांची गई। पुलिस टीमों ने यह सुनिश्चित किया कि कैमरे चालू हालत में रहें और केंद्रों पर होने वाली गतिविधियों की निगरानी की जा सके।
अभियान के दौरान पुलिस ने सभी जन सेवा केंद्र एवं सीएससी संचालकों को स्पष्ट निर्देश दिए कि किसी भी व्यक्ति की वैध पहचान और आवश्यक सत्यापन के बिना कोई दस्तावेज तैयार या संशोधित न किया जाए। पुलिस ने चेतावनी दी कि एआई या अन्य तकनीक के माध्यम से फोटो, फिंगरप्रिंट अथवा दस्तावेजों में किसी भी प्रकार की हेराफेरी करना गंभीर कानूनी अपराध है। ऐसा मामला सामने आने पर संबंधित संचालक के खिलाफ कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
साथ ही केंद्रों पर आने वाले ग्राहकों का विवरण अनिवार्य रूप से रजिस्टर में दर्ज करने और सीसीटीवी कैमरों को हमेशा चालू रखने के निर्देश दिए गए।
महराजगंज पुलिस ने कहा कि डिजिटल सुरक्षा और नागरिकों के अधिकारों की रक्षा के लिए इस तरह के अभियान लगातार जारी रहेंगे। पुलिस का उद्देश्य साइबर अपराध और डिजिटल फ्रॉड पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करना है।









