कानपुर। कानपुर चिड़ियाघर में पिछले कुछ हफ्तों के दौरान एक के बाद एक चार काले हिरनों की मौत से वन्यजीव विभाग और चिड़ियाघर प्रशासन में चिंता बढ़ गई है। लगातार हो रही मौतों को देखते हुए प्रशासन अलर्ट हो गया है। किसी संक्रामक बीमारी की आशंका को देखते हुए चिड़ियाघर में मौजूद अन्य वन्यजीवों की निगरानी भी बढ़ा दी गई है।
बताया गया कि आखिरी काले हिरन की मौत के बाद मामले की गंभीरता को देखते हुए केंद्र से दो वैज्ञानिकों को कानपुर बुलाया गया। मृत हिरन का पोस्टमार्टम कराया गया है। पोस्टमार्टम और अन्य जांच के जरिए मौत की वास्तविक वजह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। फिलहाल बीमारी की आशंका को ध्यान में रखते हुए विशेष सतर्कता बरती जा रही है।

जानकारी के अनुसार, इससे पहले छत्तीसगढ़ में भी बीमारी की आशंका के बीच नौ हिरनों की मौत का मामला सामने आया था। इसके बाद कानपुर चिड़ियाघर प्रशासन भी काले हिरनों की मौत को लेकर अतिरिक्त सावधानी बरत रहा है। हालांकि, अभी मौतों की निश्चित वजह जांच रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
कानपुर चिड़ियाघर उत्तर प्रदेश के प्रमुख चिड़ियाघरों में शामिल है। यहां करीब 1300 से अधिक वन्यजीव मौजूद हैं। ऐसे में चार काले हिरनों की मौत के बाद संक्रमण की संभावित आशंका को देखते हुए अन्य जानवरों की निगरानी बढ़ा दी गई है। पशु चिकित्सकों की टीम वन्यजीवों के स्वास्थ्य पर नजर रख रही है। प्रशासन जांच रिपोर्ट का इंतजार कर रहा है, जिसके बाद मौतों के कारणों की स्थिति स्पष्ट होने की उम्मीद है।
रिपोर्ट – विपिन सागर









