रामकोला/कुशीनगर। रामकोला थाना क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय रामपुर भाठ में बुधवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब कक्षा में पढ़ रही 13 वर्षीय छात्रा नेहा भारती पुत्री राजाराम भारती अचानक बेहोश होकर जमीन पर गिर पड़ी। आनन-फानन में छात्रों और ग्रामीणों ने उसे स्थानीय चिकित्सक के पास पहुंचाया। हालत गंभीर होने पर उसे रामकोला प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां से जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। जिला अस्पताल में चिकित्सकीय जांच के बाद छात्रा को मृत घोषित कर दिया गया।
नेहा की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। बताया जा रहा है कि वह दो बहनों में बड़ी थी और उसके दो छोटे भाई हैं। उसके पिता राजाराम भारती मजदूरी के सिलसिले में मुंबई में रहते हैं।
*विद्यालय की व्यवस्था पर उठे गंभीर सवाल*
घटना के बाद विद्यालय की व्यवस्था को लेकर ग्रामीणों और छात्रों में नाराजगी देखने को मिली। ग्रामीणों और कुछ छात्रों का आरोप है कि विद्यालय के प्रधानाध्यापक योगेंद्र श्रीवास्तव करीब 10 वर्षों से तैनात हैं, लेकिन पिछले लगभग एक माह से विद्यालय में नहीं आ रहे हैं। आरोप है कि उनकी अनुपस्थिति में निजी शिक्षिका बेबी राय, निवासी महुअवा दहाउर, के माध्यम से विद्यालय में शिक्षण कार्य कराया जा रहा है।
यदि ये आरोप सही हैं तो सवाल उठना स्वाभाविक है कि सरकारी विद्यालय में प्रधानाध्यापक की कथित लंबे समय से अनुपस्थिति और निजी शिक्षिका के माध्यम से शिक्षण कार्य कराए जाने की जानकारी संबंधित विभाग को क्यों नहीं हुई। हालांकि इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हो सकी है।
छात्रों के मुताबिक, नेहा अचानक कक्षा में बेहोश होकर गिर पड़ी थी। उसे तत्काल उपचार के लिए पहले स्थानीय चिकित्सक के पास ले जाया गया, फिर रामकोला पीएचसी और वहां से जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
सूचना मिलने पर रामकोला थाना प्रभारी चन्द्रभान सिंह पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे एंव खड्डा एस डी एम भी लोगों को समझाया। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराने की बात कही, लेकिन परिजनों ने पोस्टमार्टम कराने से इनकार कर दिया।
छात्रा की अचानक हुई मौत की वास्तविक वजह क्या थी, यह स्पष्ट नहीं हो सकी है। पोस्टमार्टम नहीं होने के कारण मौत के कारण की चिकित्सकीय पुष्टि भी नहीं हो पाई है। घटना के बाद ग्रामीणों ने विद्यालय में शिक्षकों की उपस्थिति, शैक्षणिक व्यवस्था और बच्चों की सुरक्षा को लेकर संबंधित अधिकारियों से पूरे मामले की जांच कराने की मांग की है।









