देवरिया। मिशन शक्ति अभियान फेज-6 के तहत बालिकाओं को सशक्त बनाने और उनमें नेतृत्व क्षमता विकसित करने के उद्देश्य से अनूठी पहल की गई। जिलाधिकारी मधुसूदन हुल्गी की पहल पर कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय, बैतालपुर की चार छात्राओं को सांकेतिक रूप से एक दिन का जिलाधिकारी बनने का अवसर मिला। कलेक्ट्रेट पहुंचीं छात्राओं ने जनसुनवाई से लेकर प्रशासनिक कार्यप्रणाली तक की बारीकियों को करीब से समझा।
एक दिन की सांकेतिक डीएम की जिम्मेदारी निभाने वाली छात्राओं में कक्षा सात की रानीका पाण्डे, कक्षा आठ की मानवी पटेल और पलक पटेल तथा कक्षा नौ की रागिनी यादव शामिल रहीं। इस दौरान छात्राओं को बताया गया कि जनसुनवाई में आम जनता की शिकायतें कैसे दर्ज की जाती हैं, उन्हें संबंधित विभागों तक कैसे पहुंचाया जाता है और शिकायतों के निस्तारण की निगरानी किस प्रकार की जाती है।
छात्राओं ने प्रशासनिक व्यवस्था और अधिकारियों की जिम्मेदारियों से जुड़े कई सवाल भी पूछे। अधिकारियों ने उनके सवालों का जवाब देकर सरकारी कामकाज की प्रक्रिया समझाई।
जिलाधिकारी मधुसूदन हुल्गी ने कहा कि बालिकाओं में आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और निर्णय लेने की योग्यता विकसित करने के लिए व्यावहारिक अनुभव जरूरी है। ऐसे कार्यक्रमों से उन्हें जनसेवा, पारदर्शिता और संवेदनशील प्रशासन का महत्व समझने का अवसर मिलता है।
उन्होंने कहा कि आज बेटियां शिक्षा, विज्ञान, खेल और प्रशासन सहित हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा रही हैं। उचित मार्गदर्शन और अवसर मिलने पर वे बड़ी उपलब्धियां हासिल कर सकती हैं।
कार्यक्रम में मुख्य राजस्व अधिकारी चंद्रेश कुमार सिंह, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ. राम जियावन मौर्य, अपर उपजिलाधिकारी अखिलेश सिंह यादव और नम्रता सिंह सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।









