अभिनेता इमरान खान के भारत में रहने को लेकर उठे कानूनी विवाद पर बॉम्बे हाई कोर्ट में अगले सप्ताह सुनवाई होगी| मुंबई पुलिस की ओर से देश छोड़ने का निर्देश मिलने के बाद अभिनेता ने अदालत में याचिका दाखिल की है| पुलिस के आदेश में उन्हें 28 अक्टूबर तक भारत छोड़ने को कहा गया है| यह विवाद 10 अक्टूबर को मुंबई के अगस्त क्रांति मैदान में हुए एक विरोध कार्यक्रम के बाद शुरू हुआ| यहां मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग उठाई गई थी| इमरान खान और लेखा भी इस दौरान वहां मौजूद थे| पुलिस ने अभिनेता को हिरासत में लिया था, लेकिन कुछ समय बाद उन्हें छोड़ दिया गया| इसके बाद उन्हें देश छोड़ने संबंधी नोटिस दिया गया|
अदालत से पहले सुनवाई कराने की अपील
सोमवार को अभिनेता की कानूनी टीम ने बॉम्बे हाई कोर्ट में मामले को जल्द सूचीबद्ध करने की मांग रखी| वरिष्ठ अधिवक्ता वेंकटेश धोंड ने मुख्य न्यायाधीश महेश चंद्र त्रिपाठी की पीठ को बताया कि पुलिस के निर्देश का पालन करने की समयसीमा 28 अक्टूबर है| ऐसे में मामले पर समय रहते सुनवाई जरूरी है| अदालत ने याचिका पर विचार के लिए 26 अक्टूबर की तारीख निर्धारित की|
केंद्र सरकार का पक्ष रख रहे अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल अनिल सिंह ने अदालत को बताया कि उन्हें याचिका की प्रति सोमवार सुबह प्राप्त हुई थी| इस वजह से उन्होंने अपना जवाब दाखिल करने के लिए कुछ और समय मांगा| अदालत ने उनकी मांग पर सुनवाई की तारीख तय कर दी|
अभिनेता के खिलाफ किसी लंबित मामले से इनकार
कार्यवाही के दौरान पीठ ने इमरान खान के खिलाफ किसी दूसरे आपराधिक मामले की जानकारी मांगी| उनके वकील ने कहा कि अभिनेता के खिलाफ कोई आपराधिक मुकदमा दर्ज नहीं है और न ही कोई मामला अदालत में लंबित है| वकील ने अदालत को यह भी बताया कि इमरान खान बचपन से भारत में रह रहे हैं| उनका कहना था कि अभिनेता विरोध कार्यक्रम में शामिल होने के इरादे से नहीं पहुंचे थे| वह उस ओर जा रहे थे और अभी आधा रास्ता ही तय किया था, तभी पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया| अब अदालत में होने वाली सुनवाई में पुलिस के नोटिस को चुनौती देने वाली याचिका पर विचार किया जाएगा|









